चातुर्थिक का अर्थ
[ chaaturethik ]
चातुर्थिक उदाहरण वाक्य
परिभाषा
विशेषणउदाहरण वाक्य
- 17 ज्वर ( बुखार ) होने पर : - * अगस्त के फूलों या पत्तों का रस सुंघाने से चातुर्थिक ज्वर ( हर चौथे दिन पर आने वाला बुखार ) और बंधे हुए जुकाम में लाभ होता है * अगस्त के पत्ते का रस 2 या 3 चम्मच में आधा चम्मच शहद मिलाकर सुबह-शाम सेवन करने से शीघ्र ही चातुर्थिक ज्वर का आना रुक जाता है।
- 17 ज्वर ( बुखार ) होने पर : - * अगस्त के फूलों या पत्तों का रस सुंघाने से चातुर्थिक ज्वर ( हर चौथे दिन पर आने वाला बुखार ) और बंधे हुए जुकाम में लाभ होता है * अगस्त के पत्ते का रस 2 या 3 चम्मच में आधा चम्मच शहद मिलाकर सुबह-शाम सेवन करने से शीघ्र ही चातुर्थिक ज्वर का आना रुक जाता है।