वैद्यबंधु का अर्थ
[ vaideybendhu ]
परिभाषा
संज्ञा- एक वृक्ष जिसमें फुट-डेढ़ फुट लम्बी फलियाँ लगती हैं:"अमलतास के फूल पीले और पत्तियाँ सिरस की-सी होती हैं"
पर्याय: अमलतास, स्वर्णपुष्पी, स्वर्णपुष्प, स्वर्णभूषण, सुपर्णक, शंपाक, शम्पाक, शंपात, शम्पात, मीशान, घनबहेड़ा, दीर्घफल, स्वर्णशेफालिका, स्वर्णहालि, अमिलतास, मंथान, मन्थान, राजद्रुम, व्याधिरिपु, व्याधिघ्न, व्याधिघात, किरवारा, करमाला, मुकल, वैद्यबन्धु, प्रसह, शणाल, शणालुक, हेमपुष्प, रोचन