चंद्रोदयव्यापिनी चतुर्थी का अर्थ
उदाहरण वाक्य
- भाद्रपद कृष्ण चतुर्थी से प्रारंभ करके प्रत्येक मास के कृष्णपक्ष की चंद्रोदयव्यापिनी चतुर्थी के दिन व्रत करने पर विघ्नेश्वर गणेश प्रसन्न होकर समस्त संकट दूर कर देते हैं , बुद्धवार का दिन श्री गणेश की उपासना के लिए श्रेष्ठ माना जाता है .