परई का अर्थ
उदाहरण वाक्य
- “”प्रभुता पाहि काहि मद नाही “”और उसका भी एक कारण है पद मिलते ही लोगों का व्यवहार बदल जाता है उसका भी प्रभाव पड्ता है “”करमनास जलु सुरसरि परई / तेहि को कहउ सीस नहि धरई “”ओहदे वाले ये क्योनही सोचते _जब कलयुग ने राजा के मुकुट मे प्रवेश किया था तभी बुध्धि भ्रमित हो गई थी ।
- गरीबी के राक्षस ने ही यह स्थिति उत्पन्न की थी कि एक ओर लोग ब्रह्मज्ञान की पाखंडपूर्ण चर्चा में व्यस्त थे , तो दूसरी ओर एक-एक कौड़ी के लिए हत्या करने पर उतारू रहते थे - '' सोई सयान जो परधन हारी , जो कर दम्भ सो बड़ आचारी *** हरइ सिष्यधन सोक न हरई , सो गुरु घोर नरक महुँ परई / मातु-पिता बालकन्हिं बोलावहिं , उदर भरइ सोइ धर्म सिखावहिं /