शिवगण का अर्थ
उदाहरण वाक्य
- स्वयं भगवान विष्णु , ब्रह्मा , इंद्र , शिवगण आदि श्रावण में पृथ्वी पर ही वास करते हैं और सभी अलग-अलग रूपों में अनेक प्रक्रार से शिव आराधना कर अपना पुण्य बढ़ाते हैं।
- प्रथम कर्तव्य की आहुति से बच्चों की राह मैं ताकता हूँ शिवगण कहूँ या फ़िर राम सेना किसी तरह प्रार्थना करा देता हूँ एक की उपस्थिति लेकर कक्षाओं को नही सजा पाता हूँ।
- नारद मोह ” के अंतर्गत राजा शिलानिधि की कन्या के स्वयंबर में दोनों शिवगण नारद जी के शाप के डर से दूर बैठ कर उन्हें बेतार के तार ( Wireless ) या वाकीटाकी से अपना मुँह कमण्डल के जल में देखने को कहते थे .
- ऐसे में शिवगण नंदी से श्राप मिलने के बाद राक्षस राज रावण ने पर्वत के समीप खड़े होकर अत्यंत क्रोधित स्वर में कहा कि जिसने मेरी यात्रा के दौरान मेरे पुष्पक विमान को रोकने की चेष्टा की है मैं उस पर्वत को ही जड़ से उखाड़ फेकूंगा।
- बस ! ९ बजे आमजन को बाहर निकाल कर सम्पूर्ण घाट की सफाई की गई ! अब आरंभ हुआ अखाड़ों का शाही-स्नान ! नागा साधू हर अखाड़ों का मुख्य आकर्षण होते हैं , तन पर भस्म लपेटे , उलझी लम्बी-लम्बी जटायें , माथे पे रक्त-चन्दनका लेप , हाथ में चिमटा , त्रिशूल-भाले या अन्य कोई हथियार लिए अपने-अपने अखाड़े की अगुवाई करते नाचते-झूमते शिव बारात से ये शिवगण हर-हर गंगे , बम-बम भोले का जयकार करते चले जा रहे हैं ...