पतासी का अर्थ
उदाहरण वाक्य
- अजी राम राम साय ! राजस्थानी की सबसे फेमस काकी, पतासी काकी ने ये सोचा है की एक ऐसी वेबसाइट बनायीं जाए जिसमे राजस्थान की परम्पराओ, संस्कृति, खेल, गीत-संगीत, हास्य आदि का वो रूप दिखाया जाएगा जो छुपा हुआ है या फिर इस ज़माने की आधुनिकता में कहीं खो गया है !
- इनमें लाड़ीपुरा से छीतरमल और उनकी पत्नी सूजी देवी , रामबख्श जाट और उसकी पत्नी तीजा देवी , कृष्णबिहारी जाट और उसकी पत्नी नरबदा देवी हैं तो गठवाड़ी के बनवारी लाल शर्मा और उनकी पत्नी सुशीला देवी , बाबूलाल खाती और उनकी पत्नी पतासी देवी के साथ ही गांव के अन्य लोगों में शिमला देवी , शालू पुत्री मुकेश शर्मा 12 , कमला देवी शर्मा , गेंदी देवी मीणा शामिल हैं।
- इंटरनेट पर राजस्थानी कीजो वेब-पत्रिकाएं सामने आई हैं , वे इस प्रकार हैं- सत्यनारायण सोनी और विनोद स्वामी संपादित ' आपणी भाषा-आपणी बात ' , राव गुमानसिंह राठौड़ का ' राजस्थानी ओळखांण ' , नरेन्द्र व्यास का ' आखर अलख ' व ' आखर कलश ' , दुर्गाप्रसाद अग्रवाल का ' जोग-लिखी ' , पतासी काकी का ' ठेठ देशी ' , नीरज दईया की मासिक वेब पत्रिका ' नेगचार ' , मायामृग का ' बोधि वृक्ष ' , राजस्थानी कविता कोश , जिसके संचालक प्रेमचंद गांधी हैं।
- इंटरनेट पर राजस्थानी कीजो वेब-पत्रिकाएं सामने आई हैं , वे इस प्रकार हैं- सत्यनारायण सोनी और विनोद स्वामी संपादित ' आपणी भाषा-आपणी बात ' , राव गुमानसिंह राठौड़ का ' राजस्थानी ओळखांण ' , नरेन्द्र व्यास का ' आखर अलख ' व ' आखर कलश ' , दुर्गाप्रसाद अग्रवाल का ' जोग-लिखी ' , पतासी काकी का ' ठेठ देशी ' , नीरज दईया की मासिक वेब पत्रिका ' नेगचार ' , मायामृग का ' बोधि वृक्ष ' , राजस्थानी कविता कोश , जिसके संचालक प्रेमचंद गांधी हैं।
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