सोह का अर्थ
उदाहरण वाक्य
- अहि गिरी गज सर सोह न तैसी नृप किरीट तरुनी तनु पाई . लहहीं सकल संग सोभा अधिकाई ...
- सब सुध सुर ||अन्तरा || वादी तृतीय सुर सोह मनोहर संवादी सप्तम अत सुन्दर प्रथम प्रहर निस गावत हर ||१|
- ↑ रिकवरी एंड कन्वर्ज़न ऑफ़ पाम ओलिन-डिराइव्ड यूज्ड फ्राइंग ऑइल टू मेथाइल एस्टर्स फॉर बायोडीज़ल लोह सोह खेंग; छु यूएन मे;
- ' ' ( 6 ) गोस्वामी तुलसीदास ने लिखा है कि ‘‘ बिधुवदनी सब भाँति संवारी , सोह न जथा बसन बिनु नारी।
- ' ' ( 6 ) गोस्वामी तुलसीदास ने लिखा है कि ‘‘ बिधुवदनी सब भाँति संवारी , सोह न जथा बसन बिनु नारी।
- सब जीवों ने अपना स्वाभाविक बैर छोड़ दिया और पर्वत पर सभी परस्पर प्रेम करते हैं॥1॥ * सोह सैल गिरिजा गृह आएँ।
- वन गमन के समय सीता जी को समझाते हुए भगवान राम ने कहा था- नव रसाल वन विहरन शीला सोह कि कोकिल विपिन करीला।
- सुनयनाजी ( जनकजी की पटरानी ) जनकजी की बाईं ओर ऐसी सोह रही हैं , मानो हिमाचल के साथ मैनाजी शोभित हों॥ 2 ॥
- मैं थोड़ी देर में तुम लोगों को छोडकर चली जाऊंगी , पर तुम्हें मेरी सोह , उसकी ओर से मन मोटा न करना तुम्हीं उसका बेड़ा पार लगाओगे।
- फिर अपने हृदय में खोजकर उपमा कहता हूँ कि मानो बुध ( चंद्रमा के पुत्र ) और चन्द्रमा के बीच में रोहिणी ( चन्द्रमा की स्त्री ) सोह रही हो॥ 2 ॥