जहनी का अर्थ
उदाहरण वाक्य
- ठकुर सुहाती बातें ही नहीं ' जहनी खारिश ' को कुरेदती स्वामी वाहिद काजमी साहब तेज तर्रार और नुकीली सूईयों सी प्रतिक्रिया कई कई नामधारियों की नींदें उड़ाने वाली है।...खैर, पत्रिका की ज्यादा तारीफें करुँगा तो यह सनातन लीक पीटने वाली औपचारिक बात बन जायेगी।
- सुना है , कि इस गीत की धुन को बनाते समय मदन जी के भाई की अकाल मृत्यु हो गयी थी , और उस जहनी हालात में उनके दिल की गहराई से पीडा और दर्द की इंतेहां के रूप में इस गाने की धुन उपजी .
- अपने पाठकों को सही दिशा ना दिखा कर ये उस चक्रव्यूह का हिस्सा बन गए जिसमें मुल्ला-मीडिया-मुस्लिम सियासी नेतृत्व की तिगड़ी मआशी और जहनी दिवालियापन पनपाती रही” किसी अर्थशास्त्री का बयान है की ' पूंजीवादी शोषण का शिकार होना बहुत दुर्भाग्यपूर्ण है परन्तु इससे भी ज़्यादा दुर्भाग्यपूर्ण है उसके द्वारा नजरंदाज कर दिया जाना'।
- युवा सपा नेता व भटपुरा के पूर्व ग्राम प्रधान जीशान अहमद व आसिफ गौड़ ने कहा कि जो लोग गाडा बिरादरी की आड लेकर पार्टी हाईकमान द्वारा घोषित प्रत्याशी के खिलाफ अनर्गल बयानबाजी कर रहे हैं यह उनकी तुच्छ मानसिकता की परिचायक है तथा ऐसे लोग जहनी तौर से कमजोर हैं उन्हें अपनी इन हरकतों से बाज आना चाहिए।
- अहमद , तारिक फ़ातेह, तारिक अली जैसे अंतरार्ष्ट्रीय ख्यातिप्राप्त पाकिस्तानी विद्वानों की जहनी और तालीमी बुनियादों में उर्दू की भूमिका तलाशना भुस के कोठे में सूईं ढूँढ़ने जैसा है और इस तर्क पर कोई मूर्ख ही यकीन करेगा कि आज इस युग में ज्ञान के शिखर पर पहुँचने के लिए उर्दू भाषा को उसके अनुगामियों ने किसी ऐसे मुकाम पर पहुँचा दिया है कि उससे गुज़रे बिना यह संभव नहीं.
- अहमद , तारिक फ़ातेह , तारिक अली जैसे अंतरार्ष्ट्रीय ख्यातिप्राप्त पाकिस्तानी विद्वानों की जहनी और तालीमी बुनियादों में उर्दू की भूमिका तलाशना भुस के कोठे में सूईं ढूँढ़ने जैसा है और इस तर्क पर कोई मूर्ख ही यकीन करेगा कि आज इस युग में ज्ञान के शिखर पर पहुँचने के लिए उर्दू भाषा को उसके अनुगामियों ने किसी ऐसे मुकाम पर पहुँचा दिया है कि उससे गुज़रे बिना यह संभव नहीं .
- पत्रकार बंधू इंटरनेट से मसाला एकत्र कर अपना नाम दे रहे हैं ! यूनिवर्सिटी से थीसिस चोरी हो रही हैं !कल एक चुटकुला पढ़ा था :प्रश्न : असली घी और नकली घी में फर्क क्या है ?उत्तर : जो बाजार में मिलता है वो नकली घी है और जो नहीं मिलता वो असली घी है !अंत में :वाकई में हम जहनी तौर पर इतने ज्यादा बेकार हो चुके है कि एक भी मौलिक गाली तक नहीं सोच सकते !