निस्पन्द का अर्थ
उदाहरण वाक्य
- वह चला गया तो शेष क्या रहा ? निस्पन्द शरीर ! जड़-संबंध , आडंबर , ढोंग , रूटीनी जिंदगी ...
- वह चला गया तो शेष क्या रहा ? निस्पन्द शरीर ! जड़-संबंध , आडंबर , ढोंग , रूटीनी जिंदगी ...
- अपने मित्रों और बाल-बच्चों के साथ ईश्वर की उगाई हुई घास खा रहा था ; मगर अब निस्पन्द पड़ा है।
- कोहरे ने समूचे परिवेश को इतना उबाऊ और शिथिल बना दिया है कि परिन्दे भी अपने घोंसलों में निस्पन्द पड़े हैं।
- नीम-ऍंधेरे में बिस्तर पर निस्पन्द पड़े आदमी की दृष्टि के शून्य में उग आती एक गरदन और उसमें से फूटती आवांज।
- कोहरे ने समूचे परिवेश को इतना उबाऊ और शिथिल बना दिया है कि परिन्दे भी अपने घोंसलों में निस्पन्द पड़े हैं।
- उन्होंने अपनी काव्य कला के द्वारा निराश और निस्पन्द भारत की शिथिल धमनियों में आशा का संचार कर उसे जीवन का नया सम्बल दिया।
- यह जो मैं कभी-कभी चरम साक्षात्कार के क्षणों में बिलकुल जड़ और निस्पन्द हो जाती हूँ इस का मर्म तुम समझते क्यों नहीं मेरे साँवरे !
- तभी देखा , महकते हरियाये पेड़ों को नज़रअंदाज़ कर, बागीचे की इकलौती कोयल, सारे पत्ते झाड़ चुके कीकर की कांटेदार टहनी पर निस्पन्द, निश्चल, बैठी थी।
- गहन भावनाओं में जब चेतन नीरव निस्पन्द होता है , तब जो कुछ ग्रहण किया जाता है , वह सीधे व्यक्तित्व की जड़ों में पहुँचता है।