संकष्टी चतुर्थी का अर्थ
उदाहरण वाक्य
- इस कारण चतुर्थी ने वरद मूर्ति में वासस्थान प्राप्त कर वरदा ( वैनायकी ) को मध्याह्न् में एवं संकष्टी चतुर्थी को रात्रि में गणपति उपासना करने पर धर्म , अर्थ , काम एवं मोक्ष की प्राप्ति के साथ वरदमूर्ति की भक्ति प्राप्ति का वरदान दिया।
- शनि प्रदोष व्रत के प्रभाव से जीवन में छाया अन्धकार लुप्त हो जाता है एकादशी व्रत का फल हजार यज्ञों से भी अधिक है संकष्टी चतुर्थी का व्रत करने से सभी तरह के विघ्नों से मुक्ति मिलती है सौभाग्य सुंदरी व्रत सर्वसिद्धियां प्रदान करता है सतगुरु नानक प्रगटिया मिटी धुंध जग चानण