हैबत का अर्थ
उदाहरण वाक्य
- बिलासपुर कस्बे के तहसीलदार महिंद्र सिंह , काननूगो रामजी लाल , विभाग पटवारी जसवीर सिंह ने क्षेत्र के अजीजपुर , पैंसल , चाहड़वाला , मलिकपुर , पाबनी , खेड़ा हैबत आदि प्रभावित गांवों का दौरा कर स्थिति का जायजा लिया तथा ग्रामीणों की समस्याओं से रूबरू हुए।
- हज़रत अब्दुल्लाह के वालिद जनाबे अब्दुल मुत्तलिब है जिनकी अज़मत व हैबत का यह आलम था , कि जब अबरह खान-ए-काबा को गिराने के मक़सद से मक्के आया और आप उसके पास गये , तो वह आपको देखने के न चाहते हुए भी आपके एहतेराम में खड़ा हो गया।
- ऐ सुनने वाले अगर तू उन्हें झांक कर देखे तो उनसे पीठ फेर कर भागे और उनसे हैबत ( डर ) में भर जाए ( 4 ) { 18 } ( 4 ) अल्लाह तआला ने ऐसी हैबत से उनकी हिफ़ाज़त फ़रमाई है कि उन तक कोई जा नहीं सकता .
- ऐ सुनने वाले अगर तू उन्हें झांक कर देखे तो उनसे पीठ फेर कर भागे और उनसे हैबत ( डर ) में भर जाए ( 4 ) { 18 } ( 4 ) अल्लाह तआला ने ऐसी हैबत से उनकी हिफ़ाज़त फ़रमाई है कि उन तक कोई जा नहीं सकता .
- पस ( ऐ रसूल) तुम ख़ुदा की राह में जिहाद करो और तुम अपनी ज़ात के सिवा किसी और के ज़िम्मेदार नहीं हो और ईमानदारों को (जेहाद की) तरग़ीब दो और अनक़रीब ख़ुदा काफ़िरों की हैबत रोक देगा और ख़ुदा की हैबत सबसे ज़्यादा है और उसकी सज़ा बहुत सख़्त है (84)
- पस ( ऐ रसूल) तुम ख़ुदा की राह में जिहाद करो और तुम अपनी ज़ात के सिवा किसी और के ज़िम्मेदार नहीं हो और ईमानदारों को (जेहाद की) तरग़ीब दो और अनक़रीब ख़ुदा काफ़िरों की हैबत रोक देगा और ख़ुदा की हैबत सबसे ज़्यादा है और उसकी सज़ा बहुत सख़्त है (84)
- दिल दहलाने { 1 } क्या वह दहलाने वाली { 2 } और तूने क्या जाना क्या है दहलाने वाली ( 2 ) { 3 } ( 2 ) इससे मुराद क़यामत है जिसकी हौल और हैबत से दिल दहलेंगे और क़रिअह क़यामत के नामों में से एक नाम है .
- “ अल्लाह की पनाह चाहता हूँ उस मातूब ( प्रकोपित ) किए गए शैतान से ” यहाँ पर शैतान ने अल्लाह मियाँ को भी गच्चा दे दिया कि क़ुरआन पाठ से पहले उसका नाम लेना पड़ता है , यानी उसकी हैबत से डर के , बाद में अल्लाह मियाँ का नंबर आता है .
- मैं तुझे आज भुला ही दूँगा नाम तेरा सहर ओ शाम लिया है मैंने मैंने पूजे हैं बना कर तेरे बुत हाय हसीं तेरी हैबत से मेरी रूह लरज़ जाती थी ज़िंदगी यास के साए से भी थर्राती थी एक लम्हे के लिए भी नहीं उठती थी जबीं तुझे नज़राना ए सदहोश दिया है मैंने
- बरसों की गिनती से { 112 } बोले हम एक दिन रहे या दिन का हिस्सा ( 25 ) ( 25 ) यह जवाब इस वजह से देंगे कि उस दिन की दहशत और अज़ाब की हैबत से उन्हें अपने दुनिया में रहने की अवधि याद न रहेंगी और उन्हें शक हो जाएगा , इसीलिये कहेंगे .