आदिग्रंथ वाक्य
उच्चारण: [ aadigarenth ]
उदाहरण वाक्य
- इस एक आदिग्रंथ से ही रूपांतरण-क्रम में अनेक कथाग्रंथ आए, जैसे बुधस्वामीकृत बृहत्कथाश्लोक-संग्रह, क्षेमेंद्रकृत बृहत्कथा-मंजरी और सोमदेवकृत कथादिरत्नाकर।
- किन्तु जिन प्राचीन पोथियों से गुरु अर्जुन देव ने आदिग्रंथ का संपादन किया था, वे गुरुमुखी लिपि थीं।
- जिस वाल्मीकि रामायण को रामकथा का आदिग्रंथ कहा जाता है, उसके पढ़ने वाले तो चिराग लेकर ढूँढने पड़ेंगे।
- उन्होंने बहुत से पदों एवं साखियों की रचना की थी जो आदिग्रंथ में महला 9 के अंतर्गत संग्रहीत हैं।
- “ बीजक ', “ आदिग्रंथ ' और “ कबीर ग्रंथावली ' तीनों में इसको देखा जा सकता है।
- बुल्लेशाह जैसे सूफी और कबीर जैसे निर्गुण संत की वाणियों का आदिग्रंथ जैसे ग्रन्थों में समावेश इसका प्रमाण है।
- दूसरी बात कि श्री आदिग्रंथ की वाणियों में हेर-फेर करने की भी बात कही गई पर वे तैयार नहीं हुए।
- आदिग्रंथ को कभी-कभी ' गुरुबानी' मात्र भी कह देते हैं, किंतु अपने भक्तों की दृष्टि में वह सदा शरीरी गुरूस्वरूप है।
- आदिग्रंथ को कभी-कभी ' गुरुबानी ' मात्र भी कह देते हैं, किंतु अपने भक्तों की दृष्टि में वह सदा शरीरी गुरूस्वरूप है।
- आदिग्रंथ में संग्रहीत विभिन्न भक्तों-सन्तों की रचनाओं को एकत्र करके प्रथम गुरु, गुरुनानक देव के समय से प्रारंभ हो गया था।