सोऽहम् वाक्य
उच्चारण: [ so'hem ]
उदाहरण वाक्य
- वह बार-बार कहता है कि वही सच्चिदानंद मैं हूँ-एकोऽहम् द्विऽतीयोनास्ति-सोऽहम्, किंतु वह यह नहीं जानता कि इस छलाँग के लिए उसका ऊर्ध्वगामी होना, दीपशिखा की तरह निष्कंप होकर किसी भी प्रकार के झंझावातों से सुरक्षित रहना, कितना जरूरी है ।।
- साधक यदि अभ्यास के मार्ग पर उसी प्रकार आगे बढ़ता जाये, जिस प्रकार प्रारम्भ में इस मार्ग पर चलने के लिए उत्साहपूर्वक कदम रखा था, तो आयुरूपी सूर्य अस्त होने से पहले जीवनरूपी दिन रहते ही अवश्य ' सोऽहम् सिद्धि ' के स्थान तक पहुँच जाये |