आष्टांगिक मार्ग वाक्य
उच्चारण: [ aasetaanegaik maarega ]
उदाहरण वाक्य
- = > बौद्ध धर्मग्रंथ: बौद्ध धर्म के मूल तत्व है-चार आर्य सत्य, आष्टांगिक मार्ग, प्रतीत्यसमुत्पाद, अव्याकृत प्रश्नों पर बुद्ध का मौन, बुद्ध कथाएँ, अनात्मवाद और निर्वाण।
- जब इस बात का अहसास हो गया कि जब जीवन है तो दुख अवश्यम्मभावी है, फ़िर कारण पर विचार किया और उन कारणों को दूर करने के लिये आष्टांगिक मार्ग का अनुसरण कर सातवें-आठवें सूत्र तक पहुंचे तो निदान हो गया, उपाय हो गया कारण मिट गये, तब चौथा आर्य सत्य सुख की अवस्था आ गई।
- बौद्धों को कोशिश करनी चाहिए कि जहां-जहां भी बौद्ध विहार हैं, उनके सामने बड़ी-बड़ी होर्डिंग्स लगाई जाए जिसमें बुद्ध की शिक्षाओं को जैसे कि चार आर्य सत्य, आर्य आष्टांगिक मार्ग, पंचशील, बुद्ध से संबंधित धर्म स्थल, बौद्ध के त्योहार इत्यादि को मोटे-मोटे अक्षरों में लिखा जाए जिससे कि आम जनता और कम पढ़े-लिखे लोग भी इसको समझ सकें.
- सम्यक व्यायाम मे आता है, आष्टांगिक मार्ग का पालन करने का अभ्यास करना, शुभ विचार पैदा करने वाली चीजो / बातों को मन मे रखना, पापमय विचारो के दुष्परिणाम को सोचना, उन वितर्कों को मन मे जगह ना देना, उन वितर्कों को संस्कार स्वरूप मानना, गलत वितर्क मन मे आए तो निग्रह करना, दबाना, संताप करना।