श्वांस रोग वाक्य
उच्चारण: [ shevaanes roga ]
उदाहरण वाक्य
- साईनस के साथ साथ मंत्रों व पद्यार्थों की तरडें श्वांस रोग को लाभ पहुंचाती है हमारे शरी की अनेक ग्रंथियां स्वस्था तथा रोग मुक्त होती हें।
- दमा यानि ब्रोंकिअल अस्थमा एक तकलीफ़ देह श्वांस रोग है, जो किसी भी उम्र, लिंग और आर्थिक वर्ग के व्यक्ति को हो सकता है।
- यह अपने साथ हृदय रोग, मधुमेह, श्वांस रोग जैसी अनेक बीमारियों को लाता है किंतु अब मोटापे की समस्या का परमानेंट इलाज मिल गया है।
- श्वांस रोग से पीड़ित रोगी को पहले दिन कालानमक को शहद में मिलाकर सेवन करना चाहिए और फिर आधा-आधा ग्राम प्रतिदिन बढ़ाते हुए 6 ग्राम तक सेवन करना चाहिए।
- बेलपत्र का रस और अडूसे के पत्तों के रस को सरसों के तेल में मिलाकर 6-6 ग्राम 7 दिनों तक पीने से श्वांस रोग नष्ट होता है।
- पके फल को वैज्ञानिकों ने बलवर्धक तथा हृदय को सशक्त बनाने वाला पाया है तो पत्र स्वरस को सामान्य शोथ तथा मधुमेह में एवं श्वांस रोग में लाभकारी पाया है ।
- अपामार्ग का रस लगभग 1 ग्राम का चौथा भाग पान में रखकर खाने अथवा 1 ग्राम शहद में मिलाकर चाटने से छाती पर जमा कफ निकलकर श्वांस रोग नष्ट होता है।
- तथा रात को दूध और चावल की खीरबना कर इस में सुबह 4 बजे अर्जुन की छाल के 2 चम्मच चूर्ण को मिलाकर सेवन करने से श्वांस रोग नष्ट हो जाते है।
- तथा रात को दूध और चावल की खीरबना कर इस में सुबह 4 बजे अर्जुन की छाल के 2 चम्मच चूर्ण को मिलाकर सेवन करने से श्वांस रोग नष्ट हो जाते है।
- भुनी हुई फिटकरी 1 ग्राम, बारहसिंगा की भस्म (राख) 2 ग्राम, मिश्री 3 ग्राम मिलाकर पानी के साथ सुबह के समय 5 दिनों तक सेवन करने से श्वांस रोग नष्ट होता है।