अमिताव घोष वाक्य
उच्चारण: [ amitaav ghos ]
उदाहरण वाक्य
- इसके विपरीत हम हिंदी तो दूर अपनी भारतीय भाषाओं तक में महाश्वेता देवी, अरुंधति राय, अमिताव घोष या नामवर सिंह के लंबे और गंभीर इंटरव्यू नहीं पाते।
- न्यूयार्क, कोलंबिया यूनिवर्सिटी के प्रोफेसर और अर्थशास्त्री जगदीश भगवती तथा प्रमुख लेखक अमिताव घोष उन 19 व्यक्तियों में हैं जिन्हें लाइट ऑफ इंडिया पुरस्कार के लिए चुना गया है।
- बार-बार इस थीम के इर्द-गिर्द घूमने वाले अपने लेखन के बारे में सफाई देते हुए अमिताव घोष का मानना है कि आप्रवासन एशियाइयों के लिए एक सच्चाई बन गया है।
- इस उपन्यास के ज़रिये अमिताव घोष ने अफीम के त्रिकोणीय व्यापार जो भारत से लेकर लन्दन और चीन में कैंटन तक फैला था उसके हर पहलू को हमारे सामने रखा है।
- अमिताव घोष जिस तरह के उपन्यास लिखते हैं उसके लिए पहले वे वर्षों शोध करते हैं उसके बाद इस तरह से उपन्यास लिखते हैं कि कथानक का परिवेश जीवंत हो जाता है।
- वह शहर जो अमिताव घोष की इबिस श्रंखला में आने के बहुत पहले ही 70 के दशक के हिंदी सिनेमा के रास्ते हिंदी समाज की सांस्कृतिक स्मृतियों का हिस्सा बन चुका था.
- उपन्यासकार तबिश खर-इस साल अमिताव घोष, अनुराधा रॉय, पैट्रिक डे विट, राहुल भट्टाचार्य और अनीता देसाई जैसे लेखकों की बेहतरीन कृतियां आई हैं, इसलिए इनमें से किन्हीं तीन को चुनना बहुत मुश्किल है।
- लेकिन आज जब मैं अमिताव घोष की बांग्ला में ‘ शैडो लाइट् स ' पढ़ती हूँ या जब अमित चौधुरी को पढ़ती हूँ, तो यह अंग्रेजी में भी लिखा गया बंगाली पीस मालूम होता है.
- पेंग्विन से प्रकाशित अमिताव घोष के महाकाव्यात्मक उपन्यास सी ऑव पॉपीज पर प्रभात रंजन की समीक्षा जहाँ एक स्तर पर उपन्यास को हिन्दी और भोजपुरी पाठकों के लिये खोलने की कोशश करती है वहीं उपन्यास की कई गंभीर शोधपरक और भाषिक भूलों की तरफ भी ध्यान दिलाती है.
- अरविन्द अडिगा के साथ अमिताव घोष के साथ की किताब सी ऑफ़ पॉपीज़ भी नामांकित थी, मैंने वो किताब नहीं पढ़ी है, पर अमिताव घोष की पिछली किताबों के आधार पर यह मेरा आकलन है कि सी ऑफ़ पॉपीज़ कितनी भी बुरी हो दि व्हाईट टाइगर से बेहतर होगी।