इफ़्तेख़ार वाक्य
उच्चारण: [ ifetekhar ]
उदाहरण वाक्य
- मार्च 2007 में मुख्य न्यायाधीश इफ़्तेख़ार चौधरी को हटाए जाने के बाद हुए हंगामे के दौरान अपने दिलचस्प बयानों के कारण चर्चित उस समय के क़ानून मंत्री वसी ज़फ़र का नाम भी हारने वालों की फ़ेहरिस्त में शामिल है.
- जब उनसे पूछा गया कि अगर फ़ैसला इफ़्तेख़ार चौधरी के पक्ष में हुआ तो क्या वे कोई क़दम नहीं उठाएँगे, इसके जवाब में उन्होंने कहा, “सुप्रीम कोर्ट सबसे बड़ी अथॉरिटी है और उसका फ़ैसला सबको मानना चाहिए, मैं भी मानूँगा.”
- सैन्य गुप्तचर विभाग के महानिदेशालय ने-हालांकि उसे इस आलेख की एक प्रति उपलब्ध करवा दी गयी थी-इफ़्तेख़ार गिलानी के वकील द्वारा बार-बार किये गये अनुरोधों की अनदेखी कर पूरे छह महीने तक इस मामले को निपटाने की कोशिश नहीं की।
- सैन्य गुप्तचर विभाग के महानिदेशालय ने-हालांकि उसे इस आलेख की एक प्रति उपलब्ध करवा दी गयी थी-इफ़्तेख़ार गिलानी के वकील द्वारा बार-बार किये गये अनुरोधों की अनदेखी कर पूरे छह महीने तक इस मामले को निपटाने की कोशिश नहीं की।
- जनरल कियानी के क़रीबी लोगों का कहना है कि जब सुप्रीम कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश इफ़्तेख़ार चौधरी को आर्मी मुख्यालय में घंटों बिठाए रखा गया था तब कई सैनिक अधिकारियों ने जस्टिस चौधरी से सख़्ती से बात की थी लेकिन कियानी चुप ही रहे थे.
- बीबीसी संवाददाता अब्दुल हई काकड़ ने बताया कि कार्यक्रम में शामिल हुए पश्चिमोत्तर सीमांत प्रांत के एक मंत्री मियाँ इफ़्तेख़ार ने चरमपंथियों के बारे में यहाँ तक कहा कि “ जो लोग हमारे सिर की क़ीमत लगा रहे थे आज वे छिपते फिर रहे हैं. ”
- इमरजेंसी लगाए जाने के बाद जस्टिस इफ़्तेख़ार चौधरी को उनके पद से हटा दिया गया, इससे पहले भी मार्च महीने में राष्ट्रपति मुशर्रफ़ ने उन्हें अनियमितता के आरोपों के तहत पद से हटा दिया था लेकिन क़ानूनी लड़ाई लड़कर चौधरी जुलाई में दोबारा पद पर आ गए.
- कार्यक्रम का संचालन संस्था की मैनेजिंग ट्रस्टी श्रुती ने किया और धन्यवाद ज्ञापन संस्था के गोवार्निंग बोर्ड के अध्यक्ष डॉ. महेंद्र प्रताप सिंह ने दिया | सोशल ऑडिट में गोवार्निंग बोर्ड के सदस्य रागिब अली, इफ़्तेख़ार, शकुंतला, नीता, संध्या समेत लगभग १ ५ ० लोगों ने भाग लिया |
- चुनांचे इबने अबिल हदीद ने लिखा हैः-सअसअह के इफ़्तेख़ार (गर्व) के लिये यह काफ़ी है कि अमीरुल मोमिनीन (अ 0 स 0) ऐसे अफ़सहे आलम (विश्व के माने हुए वक्ता) उन की महारते कलाम (प 3 वचन कुशलता) व फ़साहते बयान (सम्बोधन निपुणता) को सराहते हैं।
- इन्सान के लिये वजहे इफ़्तेख़ार सिर्फ़ एक चीज़ है के इसका मालिक परवरदिगार है जो सारी कायनातत से बालातर है जैसा के मौलाए कायनात ने अपनी मुनाजात में इशारा किया है के ‘‘ ख़ुदाया! मेरी इज़्ज़त के लिये यह काफ़ी है के मैं तेरा बन्दा हूँ और मेरे फ़ख़्र के लिये यह काफ़ी है के तू मेरा रब है।