गोबिन्द सिंह जी वाक्य
उच्चारण: [ gaobined sinh ji ]
उदाहरण वाक्य
- ये खुद को सैकुलर कहलबाने बाले बौद्धिक-गुलाम हिन्दू बो गुलाम स्वार्थी गद्दार हैं जो हिन्दुओं व हिन्दु धर्म की रक्षा के लिए अपने साथ-साथ अपने माता-पिता व अपने चार-चार बच्चों का बलिदान देने बाले महात्यागी क्रांतिकारी योद्धा गुरू गोबिन्द सिंह जी का साथ देने के बजाय जिहादी मुसलिम राक्षसों का साथ देकर हिन्दुओं को मरबाते रहे व हिन्दु औरतों की इज्जत आबरू के साथ खिलबाड़ करबाते रहे ।
- अब हिन्दूसिखों को यह समझना चाहिए कि सिख हिन्दुओं की जरूरत हैं और हिन्दू सिखों की जरूरत हैं जिस तरह महाराणा प्रताप, छत्रपति शिवाजी महाराज, महारानी लक्ष्मीबाई जैसे क्राँतिकारी धर्म की रक्षा के लिए लड़ते लड़ते शहीद हुए ठीक उसी तरह गुरू अर्जुन देव जी, गुरू तेगबहादुर जी, गुरू गोबिन्द सिंह जी व उनके बेटे भी धर्म की रक्षा की खातिर लड़ते लड़ते शहीद हुए ।
- खालसा पंथ की स्थापना गुरु गोबिन्द सिंह जी ने १६९९ को बैसाखी वाले दिन आनंदपुर साहिब में की | इस दिन सतगुर ने खालसा फ़ौज का निर्माण किया | यह फ़ौज सिर्फ सिख ही नहीं, बल्कि दुनिया में किसी पर भी कोई भी अत्याचार हो रहा है वहाँ लोगों को अत्याचारों से मुक्त करेगी | यही नहीं जहाँ पर गुरमत का परचार नहीं होने दिया जा रहा और हमला हो रहा है वहाँ पर अपना बचाव करेगी और जुल्मो को मौत के घात उतारेगी |