चमना वाक्य
उच्चारण: [ chemnaa ]
उदाहरण वाक्य
- आरोप पत्र में यह भी बताया गया हैं कि चमना की द्वितीय किश्त का जो चैक जारी किया गया था, उस चैक पर अंगूठा चमना का नहीं होकर किसी और का पाया गया है इसलिये चमना ने 6480/-रूपये प्राप्त किये थे।
- आरोप पत्र में यह भी बताया गया हैं कि चमना की द्वितीय किश्त का जो चैक जारी किया गया था, उस चैक पर अंगूठा चमना का नहीं होकर किसी और का पाया गया है इसलिये चमना ने 6480/-रूपये प्राप्त किये थे।
- आरोप पत्र में यह भी बताया गया हैं कि चमना की द्वितीय किश्त का जो चैक जारी किया गया था, उस चैक पर अंगूठा चमना का नहीं होकर किसी और का पाया गया है इसलिये चमना ने 6480/-रूपये प्राप्त किये थे।
- परन्तु रिपोर्ट से आरोप पत्र में तथ्यों का जो विवरण दिया गया हैं वह निम्न पाया गया कि जोरा ने 6840 /-रूपये उठा लिये हैं तथा चमना के छत लेवल तक का कार्य पूरा होने की सिफारिश कनिष्ठ अभियन्ता अब्दुल हमीद ने की थी।
- यह भी तर्क दिया गया हैं कि चमना नितान्त गरीब व अनुसूचित जाति का व्यक्ति हैं तथा अनपढ हैं तथा हो सकता हैं कि लोगो के उकसाने में आकर उसने इस प्रकार के आवेदन प्रस्तुत कर दिये अतः उसके साथ नरमी का रूख अपनाया जावे।
- इन्द्रा प्रजापत मफरूर हैं अतः अभियुक्त चमना के विरूद्ध ए आई आर 1958 बोम्बे पेज 356 इ. जी. बरसे बनाम राज्य की नजीर के तहत धारा 13 (1) (डी) सपठित धारा 13 (2) भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम, 1988 सपठित धारा 120बी भारतीय दण्ड संहिता का आरोप साबित है।
- जिसमे यह प्रमाणिकरण किया गया हैं कि आवेदक उसके क्षैत्र का हैं तथा इसका प्रस्ताव ग्राम पंचायत में पारित कर दिया गया जबकि चमना के इन्द्रा आवास योजना का आवेदन पर पंचायत स्तर पर प्रस्ताव पारित नही हुआ था फिर भी यह फर्जी प्रमाणीकरण किया गया है।
- पी. डब्ल्यू. 1 मगनलाल विकास अधिकारी ने इस साक्ष्य का अनुमोदन किया हैं कि चमना के मकान का मौका उसकी पत्नी कुकी की मौजूदगी में देखकर जेताराम ने नक्शा प्रदर्श पी. 1 उसके सामने बनाया था तो मौके पर कच्चा मिटटी का केल्हूपोष झूपा पाया गया था।
- न्यायालय में दी गई साक्ष्य में दशरथसिंह विकास अधिकारी ने बताया है कि चमना का दूसरी किश्त के 2160 /-का भुगतान करने की टिप्पणी प्रदर्श पी. 3 का भाग सी सेडी में जी से एच रामसिंह के हाथका लिखा हुआहैं व इ से एफ रामसिंह के हस्ताक्षर है।
- यह भी तथ्यों से साबित हैं कि उसने इन्द्रा प्रजापत द्वारा प्रथम एवं द्वितीय किश्त के आवेदन पर प्लीन्थलेवल तथा छत लेवल तक का निर्माण कार्य का झूठी प्रमाणीकरण करवाया अतः चमना व इन्द्राप्रजापत के बीच अपराधिक षडयन्त्र होना व उन दोनों द्वारा मिलकर यह भुगतान प्राप्त करने की साजिश करना साबित है।