महामना मदनमोहन मालवीय वाक्य
उच्चारण: [ mhaamenaa mednemohen maaleviy ]
उदाहरण वाक्य
- पंडित महामना मदनमोहन मालवीय का जन्म भारत के उत्तरप्रदेश प्रान्त के प्रयाग में २ ५ दिसम्बर सन १ ८ ६ १ को एक साधारण परिवार में हुआ था ।
- आचार्य महावीर प्रसाद द्विवेद्वी, महामना मदनमोहन मालवीय जैसे संपादकों के साथ कार्य कर चुके गणेश जी ने तब कहा था कि अहिंसा हमारी नीति है धर्म नही.
- अन्त में विश्वविद्यालय ने महामना मदनमोहन मालवीय की अध्यक्षता में इस प्रश्न पर विचार करने के लिये एक कमेटी नियुक्त की, जिसमें अनेक धार्मिक विद्वान् सम्मिलित किये गये।
- एनीबेसेन्ट ने ही 1898 में बनारस में सेन्ट्रल हिन्दू कालेज की नींव रखी, जिसे 1916 में महामना मदनमोहन मालवीय ने बनारस हिन्दू विश्वविद्यालय के रूप में विकसित किया।
- महामना मदनमोहन मालवीय, भारत की आजादी में जिनका योगदान सराहनीय रहा है, यह बात ताड़ गये कि सबके रवैये बदल चुके हैं और अँग्रेजों का षडयंत्र सफल हो रहा है।
- जिंदगी में यज्ञोपवीत संस्कार का वह क्षण कभी नहीं भूला, जब महामना मदनमोहन मालवीय ने गायत्री महामंत्र सुनाने के साथ ही कहा था-गायत्री ब्राह्मण की कामधेनु है ।
- लेजिस्लेटिव काउंसिल के गणमान्य सदस्यों में पं मोतीलाल नेहरू, महामना मदनमोहन मालवीय, गणेश शंकर विद्यार्थी, सैय्यद अहमद, पं गोविंद बल्लभ पंत तथा सीवाई चिंतामणि प्रमुख रहे थे।
- महात्मा गांधी अंग्रेजी का माध्यम भारतीयों की शिक्षा में सबसे बड़ा कठिन विघ्न है।...सभ्य संसार के किसी भी जन समुदाय की शिक्षा का माध्यम विदेशी भाषा नहीं है।” महामना मदनमोहन मालवीय
- लेजिस्लेटिव काउंसिल के गणमान्य सदस्यों में पं मोतीलाल नेहरू, महामना मदनमोहन मालवीय, गणेश शंकर विद्यार्थी, सैय्यद अहमद, पं गोविंद बल्लभ पंत तथा सीवाई चिंतामणि प्रमुख रहे थे।
- 1916 में इस आंदोलन का नेतृत्व संभालते ही महामना मदनमोहन मालवीय ने पुरी-श्रृंगेरी के शंकराचार्यों के अलावा कई राजाओं, आर्यसमाजी नेताओं, सिख संतों तथा पूर्व न्यायाधीशों को जोड़ लिया।