अंजनगिरि वाक्य
उच्चारण: [ anejnegairi ]
उदाहरण वाक्य
- एकपदताम्रलिप्तककोषलका वर्धमानष्च। ' अर्थात् अंजनगिरि, बृषभध्वजगिरि, पद्मगिरि, माल्यवान पर्वत, व्याघ्रमुख, सुह्म, कर्कट (कर्वट), चन्द्रपुर, शूर्पकर्ण देश, खस, मगध, शिविरपर्वत, मिथिला, समतट, उड्र, अष्ववदन, दन्तुरक, प्राग्ज्योतिश, लौहित्य, पुरुषाद प्रदेश, उदयगिरि, भद्र, गौड देश, पौण्ड्र, उत्कल, काशी, मेकल, अम्बष्ठ, एकपद, ताम्रलिप्तक, कोशल व वर्धमान प्रदेश आर्दा्रदि तीन नक्षत्रों के वर्गों में पड़ते हैं।