तैत्तिरीयोपनिषद वाक्य
उच्चारण: [ taitetiriyopenised ]
उदाहरण वाक्य
- तैत्तिरीयोपनिषद कृष्ण यजुर्वेदीय शाखा के अन्तर्गत एक उपनिषद है।
- तैत्तिरीयोपनिषद की शिक्षावल्ली में आचार्य को वक्ता कहकर प्रकारान्तर
- तैत्तिरीयोपनिषद कृष्ण यजुर्वेदीय शाखा के अन्तर्गत एक उपनिषद है।
- अन्नादेव खल्विमानि भूतानि जायन्ते, अन्नं ब्रह्मेति व्यजानात-तैत्तिरीयोपनिषद
- यही तथ्य तैत्तिरीयोपनिषद (३.
- तैत्तिरीयोपनिषद की की प्रसिद्ध उक्ति अतिथि देवो भवः उसे पूजनीय बनाती है।
- शतपथ ब्राह्मण * एवं तैत्तिरीयोपनिषद * में ' अन्तेवासी ' * शब्द आया है।
- तैत्तिरीयोपनिषद में व्रत के विषय में कहा गया है-‘ अन्नं न निन्द्यात्।
- तैत्तिरीयोपनिषद में भी कहा गया है-‘ अन्नाद्ध्येव खल्विमानि भूतानि जायन्ते अन्नेन जातानि जीवन्ति।
- तैत्तिरीयोपनिषद में दीक्षांत उपदेश के सनातन आदर्श सूत्र रूप में दिए गए हैं-‘ सत्यं वद।
अधिक: आगे