अस्तेय का अर्थ
[ asetey ]
अस्तेय उदाहरण वाक्य
परिभाषा
संज्ञा- स्तेय या चोरी न करने की क्रिया:"चोर की अस्तेय की चाह कभी पूरी नहीं हुई"
- योग के आठ अंगों में नियम नामक तीसरे अंग के अंतर्गत चोरी न करने का एक व्रत:"उन्होंने अस्तेय का पालन जीवन भर किया"
उदाहरण वाक्य
अधिक: आगे- इसके अनुसार- सत्य , अपरिग्रह, अस्तेय, अहिंसा और क्षमा।
- भावनाओं की पवित्रता का ही नाम अस्तेय है।
- धर्म तो है- परोपकार , सत्य, अस्तेय, अपरिग्रह इत्यादि।
- इसके अनुसार- सत्य , अपरिग्रह, अस्तेय, अहिंसा और क्षमा।
- " अर्थात् अहिंसा, सत्य, अस्तेय, ब्रह्मचर्य और अपरिग्रह यम है.
- ( ग) अस्तेय - चोर-प्रवृति का न होना
- वे व्रत हैं-अहिंसा , सत्य, अस्तेय, ब्रह्मचर्य, असंग्रह,
- पालक को अस्तेय व्रत , स्वर्ग न देगा छोड़ ॥
- अस्तेय ( लोभ का त्याग ) -
- ( ग) अस्तेय - चोर-प्रवृति का न होना