स्वर्णाभ का अर्थ
[ sevrenaabh ]
स्वर्णाभ उदाहरण वाक्य
परिभाषा
संज्ञाउदाहरण वाक्य
अधिक: आगे- सूरज है स्वर्णाभ , चाँद पीताभ सलिल'
- ली हो इस स्वर्णाभ धोबिन ने तो मन मोह लिया ।
- गौरांगी ने श्यामल की काली कंबली में अपना स्वर्णाभ मुख छुपा लिया।
- प्रकार अरुणोदय में पृथ्वी का एक एक कण स्वर्णाभ दिखाई देता है उसी प्रकार
- देश-विदेश से श्रीक्षेत्र आने वाले भक्त और पर्यटकों के आकर्षण का केन्द्र बिन्दु है स्वर्णाभ बेलाभूमि।
- भीतरी कक्षोंमें पश्मीने के स्वर्णाभ कम्वलों और स्वर्णमृगों के चर्मों की इतनी मोटी तह जमीहुई थी कि चलते समय पैर धँस जाता था .
- जिस प्रकार अरुणोदय में पृथ्वी का एक एक कण स्वर्णाभ दिखाई देता है उसी प्रकार बालहृदय को यह सारी पृथ्वी दीप्तिमयी लगती है।
- बढ़ न जायँ छा न जायँ मेरी इस अद्वितीय सत्ता के शिखरों पर स्वर्णाभ , हमला न कर बैठे ख़तरनाक कुहरे के जनतन्त्री वानर ये , नर ये !!
- दिन में मंद समीर में हिलते गेहूं की स्वर्णाभ बालियाँ हृदय में लपटें उठाती हैं तो राका की श्यामल वक्ष पर झिलमिल करते तारे उर में आग लगाते हैं।
- हिन्दी उस परंपरा को देशभाषाओं के गला-घोटन के साथ ही कब का छोड़ आयी है , जिसमें कबीर थे, भक्ति काल का स्वर्णाभ था, जिसमें भिखारी ठाकुर रहे, रमई काका रहे।