अविरति का अर्थ
उदाहरण वाक्य
- इनमें मिथ्यात्व के 5 , अविरति के 5 , प्रमाद के 15 , कषाय के 4 और योग के 3 कुल 32 भेद हैं।
- इनमें मिथ्यात्व के 5 , अविरति के 5 , प्रमाद के 15 , कषाय के 4 और योग के 3 कुल 32 भेद हैं।
- अविरति के उदय से जब सम्यग्दृष्टि भी विरति नहीं कर पाता , तब उसे कैसा बर्ताव करना पडता है , यह उसका मन जानता है।
- प्रज्ञारत्नश्री ने कहा कि सम्यक्त्व को प्राप्त जीव , निकाचित अविरति के उदय के कारण विषय-कषाय जनित सुख की इच्छा करे , यह संभव है ;
- ओघ में आत्मोत्क्रान्ति के द्योतक मिथ्यात्व , सासादन, मिश्र अविरति आदि चौदह गुणस्थानों का और आदेश में गति, इन्द्रिय, काय, योग, वेद आदि चौदह मार्गणाओं का विवेचन है।
- इनके भी निम्न उत्तर भेद कहे गए हैं- मिथ्यात्व के 5 , अविरति के 12 , कषाय के 25 और योग के 15 ये सब मिलाकर 57 होते हैं।
- इनके भी निम्न उत्तर भेद कहे गए हैं- मिथ्यात्व के 5 , अविरति के 12 , कषाय के 25 और योग के 15 ये सब मिलाकर 57 होते हैं।
- ओघ में आत्मोत्क्रान्ति के द्योतक मिथ्यात्व , सासादन , मिश्र अविरति आदि चौदह गुणस्थानों का और आदेश में गति , इन्द्रिय , काय , योग , वेद आदि चौदह मार्गणाओं का विवेचन है।
- गायत्री के माध्यम से योग साधना करने वाला साधक योग मार्ग के नौ विघ्नों-व्याधि , स्त्यान , संशय , प्रमाद , आलस्य , अविरति , भ्रान्ति , अलब्ध भूमिका , अनवस्थिति पर विजय प्राप्त कर लेता है ।
- गायत्री के माध्यम से योग साधना करने वाला साधक योग मार्ग के नौ विघ्नों-व्याधि , स्त्यान , संशय , प्रमाद , आलस्य , अविरति , भ्रान्ति , अलब्ध भूमिका , अनवस्थिति पर विजय प्राप्त कर लेता है ।